प्रेम पथिक
Tuesday, 15 November 2016
सादगी देखा ,
धड़कन ने साथ छोड़ा
अंदाज़ा जब-तक लग पाता
प्रेम पथिक बन
तेरी गलियों मे
कदम अनजानें मे रख
प्रेम करना मैंने सीख लिया |
Home
Subscribe to:
Posts (Atom)